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आरईसी ने एपजेनको एवं एपट्रांसको के साथ रू. 9000/- करोड़ के समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर

आरईसी ने एपजेनको एवं एपट्रांसको के साथ रू. 9000/- करोड़ के समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर

आरईसी ने एपजेनको एवं एपट्रांसको के साथ रु. 9,000/- करोड़ के दो समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किया। समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर,आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री, माननीय श्री चंद्र बाबू नायडू की उपस्थिति में आरईसी के अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक, श्री राजीव शर्मा औरएमडी, एपजेनकोतथा अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक, एपट्रांसको, श्री विजयानंद, द्वारा नई दिल्ली में किए गए ।इस अवसर पर सचिव, एमएनआरई,आंध्र प्रदेश सरकार के प्रमुख सचिव (ऊर्जा), तथा एपट्रांसको, एपजेनको एवं आरईसी के अन्य गणमान्य अधिकारी भी उपस्थित थे।

एपजेनको के साथ कियागया रू. 3,000 करोड़ कासमझौता ज्ञापन 12वीं पंचवर्षीय योजना अवधि के दौरान 500MWसौर विदयुत उत्पादन परियोजनाओं की स्थापना केलिए है। एपट्रांसको के साथकिया गया रू. 6,000 करोड़ का समझौता ज्ञापन आंध्र प्रदेश के राजधानी क्षेत्र में पारेषण एवं तंत्र सुधार परियोजनाओं केलिए है। समझौता ज्ञापन का उद्देश्य आंध्र प्रदेश में ग्रीन पॉवर जेनरेशन का विस्तार तथा ट्रांसमिशन नेटवर्क का निर्माण करना है।

आरईसी, भारत सरकार का एक नवरत्न उपक्रम है,जिसकापरिसंपत्ति आधार रू.183175 करोड़ है, ग्रामीण विदयुतीकरण/तंत्र सुधार/ट्रांसमिशन एवं डिस्ट्रीब्यूशन प्रणालियों का संवर्धन तथा नवीकरणीय सहित सभी प्रकार की विदयुत उत्पादन परियोजनाओं के लिएवित्तीय सहायता प्रदान करना है।वित्तीय वर्ष 2014-15 के दौरान आरईसी ने रू. 61,421 करोड़ का ऋण मंजूर तथा इसी अवधि के लिएरू. 5,259 करोड़ के निवल लाभ के साथ रू. 46,446 करोड़ का संवितरण किया। आरईसी, दीनदयाल उपाध्याय ग्राम ज्योति योजना (डीडीयूजीजेवाई) तथा राष्ट्रीय विदयुत निधि (एनईएफ) के कार्यान्वयन केलिए नोडल एजेंसी भी है ।

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