Breaking News
July 1, 2019 - डाक विभाग डिजिटल टेक्नालाजी के साथ कस्टमर-फ्रेंडली सेवाओं का  बढ़ा रहा दायरा – डाक निदेशक के के यादव
July 1, 2019 - बिहार के महादलितो को बंधुआगिरी से मिली मुक्ति, न्याय की आस में जंतर मंतर पर धरना
July 1, 2019 - अंतराष्ट्रीय मध्यम एवं लघु उद्योग दिवस के अवसर पर ‘राष्ट्रिय कवि सम्मलेन’- न्यूज़ इंक
July 1, 2019 - डाक टिकटों का शिक्षा प्रणाली को मजबूत करने में अहम योगदान-डाक निदेशक के के यादव
May 31, 2019 - भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण, क्षेत्रीय मुख्यालय (उत्तरी क्षेत्र) में विश्व तंबाकू निषेध दिवस मनाया गया
May 31, 2019 - नरेंद्र मोदी ने किसको सौंपा कौन सा मंत्रालय ?
May 31, 2019 - राष्ट्रीय तम्बाकू नियंत्रण कार्यक्रम में उत्कृष्ट कार्य व साउथ ईस्ट एशिया में अग्रणी रहने पर राजस्थान को  मिला अवार्ड
May 3, 2019 - इरकॉन ने मनाया 43वां वार्षिक दिवस
किरेन रिजीजू ने एसएसबी त्रिशूल पर्वतारोही दल को झंडा दिखाकर रवाना किया

किरेन रिजीजू ने एसएसबी त्रिशूल पर्वतारोही दल को झंडा दिखाकर रवाना किया

गृह राज्य मंत्री श्री किरेन रिजीजू ने उत्तराखंड में 23,360 फुट ऊंचे त्रिशूल पर्वत के आरोहण के लिए एक पंद्रह सदस्यों वाले सशस्त्र सीमा बल (एसएसबी) पर्वतारोही दल को आज यहां-हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।

श्री रिजीजू ने कहा कि पर्वतारोहण ऐसा उद्यमशील कार्य है जो कठिन से कठिन परिस्थिति में भी धैर्य रखने तथा आशावान बने रहने की प्रेरणा देता है। उन्‍होंने कहा कि विभिन्‍न बलों के कर्मियों के लिए उद्यमशील कौशल की भावना का संचार करता है, इसीलिए उन्‍हें प्रेरित करने के लिए लगातार इस तरह के आयोजन होते रहने चाहिए।

एसएसबी के महानिदेशक श्री बंसीधर शर्मा ने कहा कि इस तरह के अभियान को आयोजित करने तथा उसके आयोजन के लिए एसएसबी को एक लंबा अनुभव और विशेषज्ञता हासिल है। एसएसबी के कर्मी माउंट एवरेस्ट, नून, नंदा देवी, नंदा खात, थारकोट, संतोपंश, केदारदोम, हनुमान टिब्‍बा, जोगिन द्वितीय तथा जोगिन तृतीय, भगीरथी द्वितीय, बलजारी, बंदोर पूंछ, काला पर्वत तथा कुछ अन्‍य पर्वतों पर विजय हासिल कर चुके हैं। उन्होंने विश्‍वास व्‍यक्‍त किया कि एसएसबी का पर्वतारोही दल त्रिशूल पर भी जीत हासिल करेगा जिससे एसएसबी के सभी कर्मियों और राष्ट्र को उन पर गर्व होगा।

नई दिल्ली से चलकर अभियान दल ग्‍वालदाम पहुंचेगा तथा हेमकुंड पर चरणबद्ध तरीके से अपना आधार शिविर स्थापित करेगा। यह दल त्रिशूल का आरोहरण करने के लिए शिविर-एक, शिविर-दो तथा शिविर-तीन स्‍थापित करेगा। पर्वत पर जीत हासिल करने के बाद इसी महीने के अंतिम सप्‍ताह में यह दल वापस लौट आएगा।