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सुरेश प्रभू ने अंतर्राष्ट्रीय रेलवे सम्मेलन  के समापन सत्र को संबोधित किया

सुरेश प्रभू ने अंतर्राष्ट्रीय रेलवे सम्मेलन के समापन सत्र को संबोधित किया

“मेनलाइन, मैट्रो और हाई स्पीड ट्रांजिट सिस्टम के लिए कमांड, नियंत्रण और संचार प्रणालियों के क्षेत्र में अग्रणी” पर दो दिन का अंतर्राष्ट्रीय रेलवे सम्मेलन आज सम्पन्न हो गया है। रेल मंत्री श्री सुरेश प्रभू ने समापन सत्र को संबोधित किया। रेलवे ने भारतीय रेल सिगनल इंजीनियरिंग और दूरंसचार संस्थान (आईआरएसटीई) (भारत) तथा रेलवे सिगनल इंजीनियर संस्थान (आईआरएसई) (भारतीय सेक्शन) के सहयोग इसका आयोजन से किया था।

इस सम्मेलन की शुरूआत कल रेवले बोर्ड के अध्यक्ष श्री ए के मित्तल और सदस्य (विद्युत) श्री नवीन टंडन के महत्वपूर्ण भाषण के साथ हुई थी। इस कार्यक्रम में अतिरिक्त सचिव (सिग्नल) श्री एस मनोहर, अतिरिक्त सचिव (दूरसंचार) श्री के एस कृष्ण कुमार, आईआरएसटीई और सीएओ/ आईआरपीएमयू के सचिव श्री कुंदन चौधरी और अन्य गणमान्य व्यक्ति भी उपस्थित थे।

इस अवसर पर रेल मंत्री सुरेश प्रभाकर प्रभू ने कहा कि किसी भी परिवहन संगठन का मुख्य जोर बिना दुर्घटना के सकुशल और सुरक्षित परिवहन पर होना चाहिए। भारतीय रेल को “दुर्घटना बिना मिशन (जीरो एक्सीडेंट मिशन)” शुरू करने की आवश्यकता है। इसके लिए कम लागत की अग्रणी प्रौद्योगिकी और उचित प्रशिक्षित व्यक्तियों को शामिल कर समेकित दृष्टिकोण की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि भारतीय रेल में सकुशल और सुरक्षित परिचालन के वातावरण के लिए कमांड, नियंत्रण और  संचार की अग्रिम प्रणालियां महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती हैं, ताकि मानवीय त्रुटि की स्थिती में भी दुर्घटना न हो।